*महाराष्ट्र राज्य किसान सभा का धरना आंदोलन*
रामटेक तालूका प्रतिनिधि ललित कनोजे
रामटेक– महाराष्ट्र राज्य किसान सभा के राज्य कार्यकारिणी सदस्य व प्रभारी जिल्हा सचिव अरुण वनकर के मार्गदर्शन में रामटेक तहसील कार्यालय पर 4 अगस्त को दोपहर एक बजे धरना आंदोलन किया गया। धरणे आंदोलन के बाद अपना निवेदन राष्ट्रपती रामनाथजी कोवीद को एसडीओ रामटेक के मार्फत भेजा गया। उन्होंने कहा कि भारत के संपत्ती निर्माण में किसान, खेतमजदुर, कामगार, कारागीर का सबसे ज्यादा योगदान है। उनकी मांग है कि कोवीड के चलते हुए किसानों के खिलाफ भारत सरकार द्वारा निकाली गये अध्यादेश को वापस लिये जाये। गरीब व किसान के हर परिवार को 7500 रुपये दीया जाये। मनरेगा योजना का विस्तार कर 200 दिन तक ग्रामीनो को काम दीया जाय। पेट्रोल डिझेल की दरवाढ पीछे ले। अन्नसुरक्षा कानून 2013 के तहत जनता को अनाज उपलब्ध किया जाये। साठ साल के उम्र के उपर वाले मजदुर को दस हजार रुपये मासिक पेन्शन लागू की जाए। वन अधिकार कानून 2006- 08 संशोधन 2012 के तहत 2005 के पूर्व वन जमीन अतिक्रमित आदिवासी तथा पारंपारिक निवासीयो को पाच एकर जमीन का मालीकाना हक्क दिया जाये। किसानो के उपज लागत के डेड पट दाम किसानों को दिया जाये। जंगल सीमा पर बारा फूट ऊँचा कुंपण लगाकर किसानों के खेती की सुरक्षा वन प्राणी से की जाये। आंदोलन में राज्य कार्यकारिणी सदस्य अरुण वनकर, एडवोकेट आनंद गजभिये, श्याम काले, नत्थू परतेती, राजू कोडवते, शंकर कुंमरे, बन्सी कोकोडे, हरीश मांढरे, दयाराम गोवर्धन, मंगरू नाईकवार सहित आदि उपस्थित थे।
Maharashtra News Media सच की आवाज