*तोतलाडोह जलाशय ओवरफ़्लो, 10 गेट खोले गये*
रामटेक तहसिल संवाददाता ललित कनोजे
रामटेक –विदर्भ मेंं नागपुर जिल्हे का सबसे बडा तोतलाडोह जलाशय 15 ऑगस्ट को ओव्हरफ्लो हुआ। 15 अगस्ट को सुबह ग्यारा बजे इसके 14 गेट मे से 4 गेट 30 सेंटीमीटर से खोल दिये गये है। लेकिन पानी की आवक को देखते हुए 16 अगस्त को सुबह 11 बजे और 6 गेट खोले गये। कुल 10 गेट खोले गये है। बिजली उत्पादन का 101 मीटर क्युबिक मीटर और दस गेट का 316
क्यूबिक मीटर ऐसा कुल 417 क्युबिक मीटर पाणी नवेगांव खैरी जलाशय में छोड़ा जा रहा है। तोतलाडोह के पाणी की निकासी को देखते हुए नवेगाव खैरी के कुल आठ गेट खोले गये है। उस गेट से 253 क्यूबिक मीटर पाणी की निकासी हो रही है । इसे और बढाये जा सकता है। अब किसानों के चेहरे खील उठे है। उनको खरीप व रब्बी फसल के लिये पाणी मिलेगा ।
नागपूर शहर को पीने के लिए पानी की कमी नही होगी। गत वर्ष इसी समय तोतलाडोह में केवल झिरो लेव्हल पाणी था । तोतलाडोह में चौराई (मध्य प्रदेश ) जलाशय और उनके कैचमेंट एरिया से पाणी आता है। इस से पहले तोतलाडोह जलाशय 10 सितंबर 2019, 2015 में ओव्हरफलो हुआ था। इसके पहले भी 7 से 8 बार ओव्हरफलो हो चुका है । तोतलाडोह का कैचमेंट एरिया 4273 वर्ग किलोमीटर है। उसकी जल क्षमता 1016 दलघमी और डेट स्टाक 150 दलघमी ऐसी कुल क्षमता है 1166 दलघमी है। तोतलाडोह के ही पूरक तालाब नवेगाव खैरी तोतलाडोह से केवल 27 किमी दूरी पर है। उसकी क्षमता 139 दलघमी और डेड स्टॉक 41दलघमी ऐसी कुल क्षमता 180 दलघमी है।
दोनों तालाब की कुल क्षमता 1346 दलघमी है। यह क्षमता भंडारा जिल्हे के गोशी खुर्द से भी ज्यादा है। यह तालाबो से नागपूर जिल्हे के तहसील रामटेक, पारशिवनी, मौदा, कामठी व सावनेर तथा भंडारा जिल्हे के मोहाडी व भंडारा तहसील मे एक लाख 20 हजार हेक्टर क्षेत्र की सिंचाई तोतलाडोह डैम पर निर्भर है। पेच विभाग के उपविभागीय उपअभियंता राजे धोटे के अनुसार 70 हजार हेक्टर खरीप और 50 हजार हेक्टर रब्बी के सिंचाई के लिए पाणी दिया जाता है । खेती के लिए 300 दलघमी, नागपूर शहर के लिए 200 दलघमी और 100 दलघमि ऐसे कुल 600 दलघमी पाणी की जरुरत होती है।
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