*कार्तिक पूर्णिमा पर दिव्य चैतन्य मंदिर प्रांगण मे टीपुर उत्सव हर्षोल्हास से संपन्न*

*सती अनुसया माता भजन मंडल ने बांधा समा*
मुख्य संपादक – किशोर ढूँढेले
सावनेरः तहसील मे ब्रम्हलीन परम पुज्य भैय्याजी महाराज के पावन तपस्या तथा करकमरोसे पावन ताज आश्रम सावंगी के दिव्य चैतन्य मंदिर मे 18 नवम्बर को कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर रात 12 बजे से टीपुर जलाकर टीपुर पोर्णिमा हर्षोल्हाससे मनाई.
*परंपरा के अनुसार कार्तिक महीने का बहुत महत्व है। त्रिपुरी पूर्णिमा पर भगवान शिव ने त्रिपुरासुर राक्षस का वध किया था। लोक कथाओं के अनुसार, राक्षस त्रिपुरासुर ने देवताओं और ऋषियों को बहुत कष्ट दीया था , इसलिए भगवान शिव ने त्रिपुरासुर का वध किया था।जीसका उल्लेख पुरानोमे भी मीलता है.
*त्रिपुरारी पोर्णिमाके इस पावन अवसर पर रचनाकार,कवी तथा प्रसिई गायक शेषराव वाढीकर व्दारा संचालीत सती अनुसया माता भजन मंडल सावनेर तेलकामठी व्दारा कर्णप्रीय भजन गायकीने समुचे गावका वातावरण भक्तीमय कर इस आयोजनको सफल बनानेमे योगदान दिया.वही भजन मंडलके मधुकर घोडसे,कंठा कसरे तथा शंकर लोखंडे आदीने सहयोग कीया वही दिव्य चैतन्य मंदिरके व्यवस्थापक ज्ञानेश्वरजी तीनगुरीया,बिंन्दुबाई तिनगुरीयाँ व्दारा महाप्रसाद वितरित कीया जीसका लाभ उपस्थितोने उठाया*
*ईस भव्य आयोजनमे भुतपुर्व सरपंच संजय गोडबोले व्दारा महाआरती तथा उपस्थितोकी नारियल पान देकर सन्मानित कीया आयोजनके सफलता हेतू सोनी शर्मा,सिल्की शर्मा,कमाले गुरुजी,संजय पांडे आदिने परिश्रम लीया*
Maharashtra News Media सच की आवाज